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1600 लीटर अवैध शराब बरामद

उन्नाव : अवैध शराब पर अंकुश लगाने को लेकर चलाए गए अभियान में सात थानों की पुलिस ने 16 हजार लीटर शराब बरामद कर 32 लोगों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत कार्रवाई हुई है। अलीगढ़ की घटना के बाद पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने शनिवार को संयुक्त टीम बनाकर शराब दुकानों को चेक करने व अवैध शराब की बिक्री व निर्माण पर रोक लगाने का अभियान चलाया। रविवार को अभियान के दौरान मौरावां पुलिस ने 1050 लीटर अवैध शराब के साथ 11 लोगों को गिरफ्तार किया।

बिहार पुलिस ने 250 लीटर के साथ 6 आरोपी, पुरवा पुलिस ने 150 लीटर के साथ 3 आरोपी, हसनगंज ने 20 लीटर के साथ 1, मांखी व सदर कोतवाली पुलिस ने 80 लीटर के साथ 8, सोहरामऊ व गंगाघाट पुलिस ने 35 लीटर के साथ 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सीओ पुरवा रघुवीर सिंह ने एसडीएम राजेश चौरसिया के साथ शराब दुकानों को चेक किया, जहां सब सामान्य मिला। आबकारी टीम भी अभियान में साथ रही।

लोडर की टक्कर लगने से सड़क पार कर रही पांच साल की मासूम मौत

उन्नाव : लखनऊ कानपुर हाईवे पर लोडर की टक्कर लगने से सड़क पार कर रही पांच साल की मासूम मौत हो गई। दुर्घटना के बाद चालक लोडर लेकर भाग निकला। बच्ची के परिजन सड़क किनारे प्लास्टिक टब और खिलौना बेचने का काम करते हैं। सदर कोतवाली के दही चौकी इंडाग्रो स्लाटर हाउस के पास झोपड़ी में रहने वाला अनवर हाईवे पर सड़क किनारे प्लास्टिक के टब व खिलौने की दुकान लगाता है। शनिवार देर शाम वह अपनी पांच साल की बेटी सायमा के साथ दुकान पर था। अचानक बेटी सायमा उठी और सड़क पार कर घर जाने लगी। इसी बीच कानपुर से लखनऊ की ओर जा रहे तेज रफ्तार लोडर ने बच्ची को टक्कर मार दी और भाग निकला। हादसे के बाद बच्ची लहूलुहान होकर बेहोश गई। परिजन उसे जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है। कोतवाल ने तहरीर मिलने पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है

बांगरमऊ में पिपरमिंट व्यापारी और संन्यासी की हत्या

उन्नाव : बांगरमऊ में पिपरमिंट व्यापारी और संन्यासी की हत्या में जेल भेजे गए हिंदू युवा वाहिनी का बांगरमऊ नगर प्रभारी अवैध असलहों की बिक्री करता था। रविवार को सोशल मीडिया पर फेसबुक अकाउंट का स्क्रीन शॉट वायरल हुआ है। जिसमें हत्यारोपी द्वारा अवैध रिवाल्वर और पिस्टल की फोटो डालकर उनके रेट भी तय किए गए हैं। दोस्तों ने कमेंट में असलहे खरीदने संबंधित कई कमेंट भी किए हैं। सोशल मीडिया पर यह स्कीन शॉट वायरल होने के बाद पोस्ट को डिलीट कर दिया गया। पोस्ट वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर निगरानी का दावा करने वाली पुलिस की पोल खुलकर सामने आई है। एसपी ने जांच करा कार्रवाई की मांग की है।

बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र में 12 मई को पिपरमिंट व्यापारी सतीश व 9 माह पहले संन्यासी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। खुलासे में लगी स्वाट टीम ने हिंदू युवा वाहिनी के बांगरमऊ नगर अध्यक्ष कीर्तिमान गुप्ता समेत तीन को तीन दिन पहले गिरफ्तार किया था। कीर्तिमान ने लूट के इरादे से व्यापारी की हत्या की बात कबूल की थी। साथ ही उसने 9 माह पहले संन्यासी की हत्या करने की बात भी स्वीकार की थी। पुलिस ने कीर्तिमान समेत तीनों आरोपियों को जेल भेज दिया था। उस वक्त भी पुलिस ने कीर्तिमान द्वारा अवैध असलहों की बिक्री किए जाने का राजफाश किया था, हालांकि कोई प्रमाण न मिलने पर उस पर असलहा बिक्री की कोई धारा नहीं लगी थी। खुलासा होने के बाद कीर्तिमान को उसके पद से निष्कासित कर दिया गया था।

रविवार को सोशल मीडिया पर कीर्तिमान से जुड़ा एक स्क्रीन शॉट व अवैध असलहों की तस्वीर वायरल हुई। स्क्रीन शॉट फेसबुक का था। जिसमें कीर्तिमान असलहों के रेट तय कर कमेंट करने वालों से खरीदने की बात कह रहा है। यह फेसबुक अकाउंट किसके नाम का है, इसकी पुष्टि तो नहीं हो पाई पर जिस तरह के कमेंट का स्क्रीन शॉट वायरल हुए हैं, उससे साफ है कि कीर्तिमान का असलहा तस्करी से पुराना नाता है। एसपी आनंद कुलकर्णी ने बताया कि जांच करा कार्रवाई की जाएगी।

गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से कटान जारी

बारासगवर उन्नाव :  गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से कटान जारी है। बक्सर श्मशान घाट में नदी के बीच रेत के टीला डूब गया है। कटान होने से टीले पर दफनाए गए शव दूसरे दिन भी बहते रहे। डीएम के निर्देश पर बीघापुर एसडीएम रविवार शाम को श्मशान घाट पहुंचे। बताया कि उन्हें तो कोई शव बहते हुए नहीं दिखा। मालूम हो कि तीन जिलों की सीमा होने से जिले के अफसर अपनी बला टाल रहे हैं।

मालूम हो कि पिछले दिनों कोरोना व अन्य बीमारियों से मौतों का ग्राफ बढ़ा था। फतेहपुर और रायबरेली जिले की सीमा पर स्थित बीघापुर के बक्सर श्मशान घाट पर शव दफनाने के लिए जगह की कमी होने पर लोगों ने गंगा नदी के बीच स्थित रेत के टीले पर सैकड़ों शव दफनाए थे। शव खुले होने और कुत्ते व अन्य जंगली जानवरों ने खींचकर शव इधर-उधर फैलाए तो संक्रमण का खतरा बढ़ गया था। रविवार को जलस्तर में कुछ कमी हुई तो कटान और तेज हुआ।

मामला सुर्खियों में आया तो बीघापुर एसडीएम दयाशंकर पाठक रविवार दोपहर बाद बक्सर श्मशान घाट पहुंचे। कुछ देर निरीक्षण करने के बाद वह पुलिस चौकी पहुंच गए। यहां मीडिया को बताया कि वह श्मशान घाट का निरीक्षण करके आए हैं। उन्हें एक भी शव बहते हुए नहीं दिखा है। बताया कि जिस टीले पर पूर्व में शव दफनाए गए थे वह जलस्तर बढ़ने से डूब गया है।

शनिवार को कवरेज करने गए मीडिया कर्मियों को टीले व आसपास बहते शवों की फोटो खींचने में मदद करने वाले मोटर बोट चालक को पुलिस ने सख्त हिदायत दी है। पोल न खुले इसके लिए रविवार को नावों को नदी में ले जाने पर रोक लगा दी गई है। मंदिर के पीछे सिर्फ एक मोटर बोट को रखा गया है। उसे भी पुलिस या किसी अन्य अधिकारी को आवश्यकता होने पर निकालने की हिदायत दी गई है।

बीघापुर तहसील एसडीएम दयाशंकर पाठक ने बताया कि जिस टीले पर शव दफनाए गए थे वह फतेहपुर जिले की बिंदकी तहसील क्षेत्र में आता है। उन्नाव जिले से इसका कोई वास्ता नहीं है। इसकी रिपोर्ट पहले ही उच्चाधिकारियों को दे चुके हैं।फतेहपुर जिले की बिंदकी तहसील एसडीएम विजय शंकर तिवारी ने बताया कि रेत के जिस टीले पर शव दफनाए गए थे उसका कुछ हिस्सा रायबरेली जिले और कुछ हिस्सा उन्नाव जिले में है। वह भी अपनी रिपोर्ट दे चुके हैं।

जेल के कृषि फार्म से भागा बंदी

उन्नाव : जेल के कृषि फार्म हाउस में ले जाए गए 22 बंदियों में एक बंदी सुरक्षा में लगे बंदीरक्षकों को गच्चा देकर भाग निकला। फार्म की चहारदीवारी को लांघकर उसके भागने की खबर से जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। जेलर की तहरीर पर पुलिस ने भागे बंदी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उसकी तलाश शुरू की है। प्रभारी जेल अधीक्षक ने हेड वार्डर (कमांड चीफ) के निलंबन की संस्तुति करते हुए उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी है। अन्य बंदी रक्षकों से भी कड़ाई से पूछताछ की जा रही है। सोहरामऊ थाना क्षेत्र के बिलौरा गांव निवासी सोनू को पुलिस ने धोखाधड़ी से जमीन बैनामा कराने के आरोप में 1 अप्रैल को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। डेढ़ माह से अधिक का समय जेल में गुजारने के बाद शनिवार सुबह वह 7 बंदी रक्षकों को गच्चा देकर कृषि फार्म से भाग निकला। 22 बंदियों के साथ उसे अरबी की निराई के लिए शनिवार सुबह 7 बजे कृषि फार्म हाउस ले जाया गया था। चार घंटे बाद लगभग 11 बजे जेल में दाखिल करने के दौरान हुई गिनती में उसकी मौजूदगी न देख जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। जेल का सायरन बजा सभी बंदी रक्षकों को इकट्ठा कर उसकी तलाश शुरू हुई। कृषि फार्म का चप्पा-चप्पा खंगाला गया और न मिलने पर जेल के बाहरी छोर, कब्बाखेड़ा, किशोरीखेड़ा की ओर तलाश की गई। यहां भी उसका सुराग नहीं लगा। उसके मामा, बुआ समेत अन्य रिश्तेदारों के यहां दबिश दी गई पर उसका कोई पता नहीं चला।

रात लगभग 9 बजे प्रभारी जेल अधीक्षक/ जेलर ब्रजेंद्र सिंह ने कोतवाली पहुंचकर बंदी सोनू के खिलाफ जेल से भागने की रिपोर्ट दर्ज कराई। सदर कोतवाली पुलिस के अलावा सोहरामऊ थाना की 5 टीमों ने रात भर उसकी तलाश की पर पता नहीं चल सका। प्रभारी जेल अधीक्षक ब्रजेंद्र सिंह ने बताया कि सुरक्षा में लगे हेड वार्डर (कमांड चीफ) ब्रजभान यादव के निलंबन की संस्तुति कर उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी गई है। जांच के आधार पर अन्य बंदी रक्षकों पर भी कार्रवाई तय की जाएगी। डीआईजी जेल शैलेश कुमार मैत्रेय ने बताया कि घटना उनके संज्ञान में आई है। पूरी रिपोर्ट प्रभारी जेल अधीक्षक से मांगी गई है। सुरक्षा में लगे सभी कर्मियों के बयान दर्ज किए जाएंगे। जिसकी भी लापरवाही सामने आई, उस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

कृषि फार्म हाउस में गए 22 बंदियों की सुरक्षा में जेल के हेड वार्डर (कमांड चीफ) ब्रजभान यादव, बंदी रक्षक जगदेव प्रसाद, पीएसी जवान कुशलपाल, शुभम चौधरी, पुलिस विभाग काहेडकांस्टेबल विनोद कुमार यादव व होमगार्ड ज्ञान सिंह व विपिन शुक्ला तैनात थे। प्रभारी जेल अधीक्षक ब्रजेंद्र सिंह ने बताया कि कृषि फार्म में पीछे की ओर बड़ी घास होने से बंदी सोनू उसी की आड़ लेकर निकल गया। उन्होंने बंदी के कब्बाखेड़ा या किशोरीखेड़ा की ओर जाने वाले रास्ते की बाउंड्री फांदकर निकल जाने का अंदेशा जताया है। कोविड-गाइडलाइन की समय सीमा पूरी करने के बाद रविवार सुबह ही भागे बंदी सोनू के पिता संतकुमार व मां महदेई को जिला कारागार शिफ्ट किया गया है। सोनू भागकर कहां छिप सकता है, दोनों से इसकी जानकारी ली गई।

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